

नई दिल्ली: जंतर-मंतर से सोशल एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को अस्पताल ले जाए जाने के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के फाउंडर अभिजीत दिपके ने बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने शनिवार से आमरण अनशन शुरू करने की घोषणा करते हुए कहा कि आंदोलन अब और तेज होगा।
दिपके ने कहा कि सोनम वांगचुक को हटाए जाने के बावजूद प्रदर्शन जारी रहेगा और 20 जुलाई को प्रस्तावित ‘चलो संसद’ मार्च तय कार्यक्रम के अनुसार निकाला जाएगा। उन्होंने लोगों से बड़ी संख्या में जंतर-मंतर पहुंचने और आंदोलन का समर्थन करने की अपील की।
अभिजीत दिपके ने आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस सोनम वांगचुक को चादरों की आड़ में अस्पताल ले गई। उन्होंने इस कार्रवाई को गलत बताते हुए कहा कि ऐसा व्यवहार “चोरों और गुंडों” जैसा था।
गौरतलब है कि सोनम वांगचुक 28 जून से जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे थे। वे नीट समेत प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक के मामलों को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। शनिवार को दिल्ली पुलिस उन्हें इलाज के लिए सफदरजंग अस्पताल ले गई।
इस बीच, सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि अंग्मो ने कहा कि उनकी और परिवार की अनुमति के बिना वांगचुक को कोई भी ओरल या इंट्रावेनस उपचार न दिया जाए। उन्होंने बताया कि वह इस समय सफदरजंग अस्पताल में मौजूद हैं और डॉक्टरों से भी यही अनुरोध किया गया है।





