
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में होने वाले शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन में शामिल होंगे। इस दौरान उनकी रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात भी होगी।
मोदी, किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सादिर जापारोव के निमंत्रण पर 31 अगस्त से 1 सितंबर तक बिश्केक की यात्रा करेंगे। इस दौरान वह अन्य देशों के नेताओं के साथ छठे विश्व नोमैड गेम्स के उद्घाटन समारोह में भी शामिल हो सकते हैं।
विदेश मंत्रालय ने क्या कहा?
विदेश मंत्रालय के पश्चिमी सचिव सिबी जॉर्ज ने बताया कि सम्मेलन के दौरान कुछ द्विपक्षीय बैठकों की तैयारी चल रही है। ये बैठकें नेताओं की सुविधा और उपलब्ध समय के अनुसार तय की जाएंगी।
उन्होंने कहा कि भारत और रूस के नेताओं के बीच बैठक तय है। इसमें दोनों देश अपने द्विपक्षीय संबंधों से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा कर सकते हैं।
31 अगस्त को बिश्केक में स्वागत रात्रिभोज होगा। इसके बाद 1 सितंबर को SCO शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री मोदी अपना संबोधन देंगे।
दिल्ली में हुई थी मोदी-पुतिन की आखिरी मुलाकात
प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेंद्र मोदी और व्लादिमीर पुतिन की करीब 20 बार मुलाकात हो चुकी है। दोनों नेता ज्यादातर अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों के दौरान मिले हैं।
दोनों की आखिरी आमने-सामने मुलाकात 5 दिसंबर 2025 को नई दिल्ली में हुई थी। उस समय पुतिन भारत-रूस के 23वें वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए 4 और 5 दिसंबर को भारत की राजकीय यात्रा पर आए थे।
पुतिन ने प्रधानमंत्री मोदी को मॉस्को आने का न्यौता भी दिया है। मोदी के दिसंबर तक रूस जाने की संभावना बताई गई है।
SCO से पहले उज्बेकिस्तान जाएंगे मोदी
बिश्केक जाने से पहले प्रधानमंत्री मोदी उज्बेकिस्तान की यात्रा करेंगे। उज्बेक राष्ट्रपति शावकत मिर्जियोयेव के निमंत्रण पर मोदी 29 से 30 अगस्त तक ताशकंद में रहेंगे।
प्रधानमंत्री के रूप में यह उनकी उज्बेकिस्तान की चौथी यात्रा होगी।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, पिछले कुछ वर्षों में भारत और उज्बेकिस्तान के बीच द्विपक्षीय और बहुपक्षीय स्तर पर संबंध मजबूत हुए हैं। दोनों देशों ने वर्ष 2011 में अपने रिश्तों को रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक बढ़ाया था।
