ED Action on Raj Kundra: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बॉलीवुड अभिनेत्री शिल्पा शेट्टी के पति और बिजनेसमैन राज कुंद्रा के खिलाफ गेन बिटकॉइन घोटाले में कड़ा कदम उठाया है। ईडी ने इस मामले में चार्जशीट दाखिल करते हुए दावा किया है कि राज सिर्फ बिचौलिये नहीं बल्कि घोटाले के असली लाभार्थी (Beneficiary) थे। जांच एजेंसी ने उन पर सबूत मिटाने और करोड़ों की हेराफेरी करने का गंभीर आरोप लगाया है।
राज कुंद्रा पर लगे गंभीर आरोप
ईडी की चार्जशीट के अनुसार –
राज कुंद्रा के पास 285 बिटकॉइन मौजूद हैं, जिनकी मौजूदा कीमत करीब ₹150 करोड़ से ज्यादा बताई जा रही है।
ये बिटकॉइन उन्हें इस स्कैम के मास्टरमाइंड अमित भारद्वाज से मिले थे।
राज पर आरोप है कि उन्होंने जानबूझकर बिटकॉइन वॉलेट एड्रेस और अन्य अहम सबूत छुपाए।
उन्होंने अब तक निवेशकों को ये बिटकॉइन वापस नहीं किए और कथित तौर पर इस अपराध की रकम का इस्तेमाल जारी रखा।
चार्जशीट में शिल्पा शेट्टी का जिक्र
चार्जशीट में ईडी ने यह भी दावा किया है कि राज कुंद्रा ने अपनी पत्नी और बॉलीवुड एक्ट्रेस शिल्पा शेट्टी के साथ एक संदिग्ध लेन-देन किया। इसमें बाजार मूल्य से काफी कम कीमत पर डील दिखाई गई। जांच एजेंसी के मुताबिक, यह काले धन को सफेद बनाने की साजिश का हिस्सा था।
इतना ही नहीं, राज ने सबूत छुपाने के लिए अपना फोन खराब होने का बहाना भी बनाया।
ईडी का दावा – राज ही थे असली मालिक
जहाँ राज कुंद्रा खुद को केवल मध्यस्थ बता रहे हैं, वहीं ईडी का कहना है कि उपलब्ध सबूत यह साबित करते हैं कि वो इस घोटाले के असली मालिक और लाभार्थी थे। सात साल पुराने लेन-देन की उनकी जानकारी और बार-बार हुए ट्रांजैक्शन इस दावे को मजबूत करते हैं।
क्या है गेन बिटकॉइन स्कैम?
इस घोटाले में हजारों निवेशकों से करोड़ों रुपये जुटाए गए थे। कंपनी ने वादा किया था कि बिटकॉइन माइनिंग से भारी मुनाफा मिलेगा, लेकिन निवेशकों के पैसे गायब कर दिए गए। बिटकॉइन को गुप्त वॉलेट्स में ट्रांसफर कर छुपा दिया गया।
इस फ्रॉड के बाद महाराष्ट्र और दिल्ली पुलिस में कई केस दर्ज हुए। इन्हीं शिकायतों के आधार पर ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग केस दर्ज किया। राज कुंद्रा के अलावा कारोबारी राजेश सतीजा का नाम भी इस चार्जशीट में शामिल है।
