
जगदलपुर: छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में अंधविश्वास के चलते एक दर्दनाक हत्या का मामला सामने आया है। यहां दो भाइयों ने एक ग्रामीण की सिर्फ इस शक में जान ले ली कि वह जादू-टोना करता है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
क्या है मामला?
मृतक की पहचान मंगलू मंडावी के रूप में हुई है, जो पखनार गांव का रहने वाला था। गांव के ही दो भाई आयतू और सुखराम मड़कामी को उस पर जादू-टोना करने का शक था। इसी शक ने हत्या जैसी बड़ी वारदात को जन्म दिया।
कैसे हुई हत्या?
गुरुवार 30 अप्रैल को मंगलू अपने घर के पास आम के पेड़ के नीचे बैठा था। तभी दोनों आरोपी शराब के नशे में वहां पहुंचे और उससे बहस करने लगे। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और दोनों ने चाकू से हमला कर दिया। गंभीर चोट लगने से मंगलू की मौके पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद दोनों आरोपी फरार हो गए।
पुलिस ने कैसे पकड़ा?
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और आरोपियों की तलाश शुरू की। जल्द ही घेराबंदी कर दोनों को पकड़ लिया गया। बाद में कोर्ट में पेश करने के बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
हत्या पर क्या है सजा?
अब हत्या के मामलों में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103 के तहत केस दर्ज होता है। इस धारा में दोषी पाए जाने पर आरोपी को उम्रकैद या फांसी तक की सजा हो सकती है।
