
फिल्म ‘पद्मावत’ में जौहर के दृश्य को लेकर अभिनेत्री स्वरा भास्कर के बयान पर आगरा में विरोध प्रदर्शन हुआ। हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने स्वरा के पोस्टर जलाए और उनके खिलाफ नारे लगाए।
प्रदर्शन के दौरान योगी यूथ ब्रिगेड के प्रदेश अध्यक्ष कुंवर अजय तोमर ने स्वरा भास्कर के खिलाफ आपत्तिजनक बयान दिया और उनकी जीभ काटकर लाने वाले को ₹1.51 लाख का इनाम देने की घोषणा की। इस बयान के बाद विवाद और बढ़ गया।
स्वरा के किस बयान पर हुआ विवाद?
स्वरा भास्कर ने फिल्म ‘पद्मावत’ के जौहर दृश्य पर सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा था कि जौहर को सम्मान या गौरव के तौर पर दिखाने से समाज में गलत संदेश जा सकता है।
उन्होंने सवाल किया था कि क्या किसी महिला की ‘पवित्रता’ को उसकी जिंदगी से ज्यादा महत्वपूर्ण माना जाना चाहिए। स्वरा ने यह भी कहा था कि इस तरह का चित्रण यौन हिंसा से बची महिलाओं के लिए परेशान करने वाला संदेश दे सकता है।
आगरा में प्रदर्शनकारियों ने क्या कहा?
आगरा में प्रदर्शन के दौरान हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं ने स्वरा पर रानी पद्मावती और राजपूत महिलाओं के बलिदान का अपमान करने का आरोप लगाया।
संगठन के प्रदेश अध्यक्ष अजय तोमर ने कहा कि स्वरा को उस दौर के इतिहास और परिस्थितियों को समझना चाहिए। प्रदर्शन के दौरान उनके पोस्टर जलाए गए और पैरों से रौंदे गए।
स्वरा भास्कर ने दी सफाई
विवाद बढ़ने के बाद स्वरा भास्कर ने एक वीडियो जारी कर अपने बयान पर सफाई दी। उन्होंने कहा कि उन्होंने रानी पद्मावती या जौहर करने वाली महिलाओं को कभी कायर नहीं कहा।
स्वरा ने स्पष्ट किया कि उनका सवाल आज के सिनेमा में अतीत की कुछ परंपराओं को ‘गौरव’ के रूप में दिखाने को लेकर था। उन्होंने कहा कि यौन हिंसा से बची किसी महिला को सिर्फ इसलिए कम बहादुर महसूस नहीं करना चाहिए क्योंकि वह जिंदा बच गई।
