
जांजगीर-चांपा। सरकारी स्कूल में एरियर भुगतान के बदले रिश्वत मांगने के आरोप में ACB ने प्राचार्य और लिपिक को गिरफ्तार किया है। दोनों पर स्कूल में पदस्थ बाबू से 10 हजार रुपये लेने का आरोप है।
मामला शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय किरारी का है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्राचार्य अंजुलता सोनी और लिपिक विकास मसीह के रूप में हुई है।
80 हजार के एरियर के बदले मांगे 10 हजार
स्कूल में बाबू के पद पर पदस्थ मनीष राठौर को वेतन वृद्धि के बाद करीब 80 हजार रुपये का एरियर मिलना था। आरोप है कि एरियर का भुगतान कराने के लिए प्राचार्य और लिपिक ने उनसे 10 हजार रुपये मांगे।
रिश्वत की मांग से परेशान होकर मनीष ने ACB में शिकायत की। शिकायत की जांच और सत्यापन के बाद टीम ने दोनों को पकड़ने के लिए ट्रैप की योजना बनाई।
पैसे लेते ही पहुंच गई ACB टीम
योजना के अनुसार शिकायतकर्ता को रिश्वत की रकम लेकर आरोपियों के पास भेजा गया। जैसे ही 10 हजार रुपये लिए गए, मौके पर मौजूद ACB की टीम ने कार्रवाई कर दोनों को पकड़ लिया। टीम ने रिश्वत की रकम भी बरामद की।
13 लोगों की टीम ने की कार्रवाई
इस कार्रवाई में ACB के 13 अधिकारी और कर्मचारी शामिल थे। गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। टीम मामले से जुड़े दस्तावेजों और अन्य साक्ष्यों की भी जांच कर रही है।
बताया गया है कि यह बिलासपुर ACB की 56वीं ट्रैप कार्रवाई है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
