
रायगढ़: रायगढ़ जिले में प्रेम संबंध से जुड़े चर्चित हत्या मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। प्रेमी की हत्या कर शव को जलाकर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश करने वाली महिला को अदालत ने दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर 2 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
यह मामला 1 मार्च 2021 का है। पुलिस जांच के अनुसार, देवा उर्फ लखन सिदार अपनी प्रेमिका यशोदा उर्फ दशोदा सारथी से मिलने उसके घर पहुंचा था। वहां उसने यशोदा को उसके दूसरे प्रेमी दुष्यंत यादव के साथ देख लिया। इसी बात को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद दोनों ने मिलकर उसका गला दबाकर हत्या कर दी।
हत्या के बाद आरोपियों ने सबूत मिटाने के लिए शव पर मिट्टी का तेल डालकर आग लगा दी, ताकि मामला आत्महत्या जैसा लगे। अगले दिन गांव के कोटवार के जरिए पुलिस को आत्महत्या की सूचना दी गई, लेकिन जांच में पूरी सच्चाई सामने आ गई।
पुलिस ने जांच के दौरान पर्याप्त साक्ष्य जुटाए और यशोदा व फरार आरोपी दुष्यंत यादव के खिलाफ हत्या और साक्ष्य मिटाने की धाराओं में चालान पेश किया। मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायालय में हुई।
अपर सत्र न्यायाधीश अभिषेक शर्मा ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर यशोदा उर्फ दशोदा सारथी को हत्या का दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास और 2 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अदालत ने मृतक के परिजनों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से 1 लाख रुपये की प्रतिकर राशि देने की भी अनुशंसा की।
